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GAYA को योजनाओं में शत-प्रतिशत उपलब्धि प्राप्त करने पर भारत सरकार ने किया सम्मानित। DM अभिषेक सिंह की कोशिश रही क़ाबिल-ए-तारीफ़।

GAYA को योजनाओं में शत-प्रतिशत उपलब्धि प्राप्त करने पर भारत सरकार ने किया सम्मानित। DM अभिषेक सिंह की कोशिश रही क़ाबिल-ए-तारीफ़।
FAISAL RAHMANI
Star News Today
 
GAYA : गया डीएम अभिषेक सिंह के नेतृत्व में विस्तारित ग्राम स्वराज अभियान के अंतर्गत 7 योजनाओं में शत प्रतिशत उपलब्धि प्राप्त किया है। इस उपलब्धि को प्राप्त करने की वजह नई दिल्ली के विज्ञान भवन में 11 सितंबर 2018 को गया ज़िला को भारत सरकार ने सम्मानित किया।
                   विज्ञान भवन, नई दिल्ली के अधिवेशन हॉल में गया डीएम अभिषेक सिंह को केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री नारायण सिंह तोमर ने स्मृति चिह्न तथा केंद्रीय ग्रामीण विकास राज्य मंत्री रामकृपाल यादव ने प्रमाण पत्र प्रदान कर गया जिला को सम्मानित किया। इस अवसर पर ग्रामीण विकास विभाग, भारत सरकार के सचिव अमरजीत सिन्हा भी उपस्थित थे। यह सम्मान विस्तारित ग्राम स्वराज योजना के अंतर्गत गया ज़िला के चयनित 1342 गावों में चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं में शत-प्रतिशत एवं उससे भी अधिक उपलब्धि प्राप्त करने के लिए प्रदान किया गया।
                   ग़ौरतलब है कि विस्तारित ग्राम स्वराज अभियान के अंतर्गत ज़िले के चयनित गांवों में चलाए जाने वाली 7 योजनाओं में शत-प्रतिशत सफ़लता प्राप्त की गई। इस अभियान के लिए देश के 117 आकांक्षी ज़िलों में से 12 ज़िलों को (6 ग्राम स्वराज योजना और 6 विस्तारित ग्राम स्वराज योजना के अंतर्गत) केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय ने सम्मानित करने का फ़ैसला किया। विस्तारित ग्राम स्वराज अभियान योजना के तहत देश के कुल 6 ज़िलों का चयन किया गया। इनमें उत्तराखंड के उधमसिंह नगर, जम्मू-कश्मीर के बारामूला, मणिपुर के चंदेल, आंध्र प्रदेश का बीजी नगरम, मध्यप्रदेश का राजगढ़ और बिहार का गया ज़िला शामिल है।
                   उल्लेखनीय है कि विकास के दौर में देश के 117 पिछड़े ज़िलों को आकांक्षी ज़िला में सम्मिलित करते हुए उनके तीव्र विकास के लिए ‘सबका साथ, सबका गांव, सबका विकास’ कार्यक्रम के तहत 14 अप्रैल 2018 से आकांक्षी ज़िलों के चयनित गांवों में ग्राम स्वराज योजना एवं विस्तारित ग्राम स्वराज योजना अभियान चलाया गया। इस कार्यक्रम के अंतर्गत मुख्यतः 7 योजनाओं को प्राथमिकता से लिया गया तथा उनमें शत-प्रतिशत उपलब्धि का लक्ष्य रखा गया।
                   इनके तहत उज्ज्वला योजना के तहत शत-प्रतिशत निर्धन लाभुकों को गैस का कनेक्शन उपलब्ध कराना, सौभाग्य योजना के अंतर्गत शत-प्रतिशत निर्धन लाभुकों को मुफ़्त में बिजली कनेक्शन देना, उजाला योजना के अंतर्गत सभी वंचित परिवारों को एलईडी बल्ब उपलब्ध कराना, प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना के अंतर्गत मात्र 12 रुपए वार्षिक प्रीमियम दर पर आकस्मिक निधन और स्थायी विकलांगता के लिए 2 लाख रुपए और आंशिक अक्षमता के लिए 1 लाख रुपए की सुरक्षा बीमा योजना से सभी निर्धन को आच्छादित करना, मिशन इंद्रधनुष के अंतर्गत चयनित गांव के सभी बच्चों का टीकाकरण करना है। ज्ञात हो कि मिशन इंद्रधनुष के अंतर्गत छूटे हुए सभी बच्चों का टीकाकरण करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। बच्चों को डिप्थीरिया, बलग़म, टेटनस, पोलियो, तपेदिक, ख़सरा तथा हेपाटाइटिस-बी को रोकने के लिए 7 टीके लगाए जाते हैं।
                   प्रधानमंत्री जनधन योजना के अंतर्गत चयनित गांव के सभी परिवारों का ज़ीरो बैलेंस पर बैंक खाता खुलवाना एवं प्रधानमंत्री जीवन ज्योति योजना के अंतर्गत मात्र 330 रुपए के वार्षिक प्रीमियम पर 18 से 50 वर्ष के सभी निर्धन व्यक्तियों का 2 लाख रुपए का बीमा करवाना। इसके अतिरिक्त शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषकता, कृषि, कौशल विकास, वित्तीय समावेशन, आधारभूत संरचना व विकास के कार्य किया जाना शामिल हैं।
                    विस्तारित ग्राम स्वराज योजना की सफ़लता के लिए कार्य प्रगति की समीक्षा एवं पर्यवेक्षण के लिए केंद्र सरकार ने बी प्रधान को गया ज़िला का प्रभारी सचिव बनाया गया था, जिन्होंने पिछले महीनों में कई समीक्षा बैठक की थी। समीक्षा के दौरान उन्होंने इस आशय की जानकारी दी थी कि इस योजना में अच्छा कार्य करनेवाले ज़िला को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित किया जाएगा।
                   इन योजनाओं की सफ़लता में जहां एक ओर डीएम का नेतृत्व प्रशंसनीय रहा वहीं योजनाओं से संबंधित पदाधिकारियों के अथक प्रयास ने निर्धारित लक्ष्य की सीमा को भी पार कर दिया। कई योजनाओं में लक्ष्य से ज़्यादा की उपलब्धि रही। इस सम्मान ने गया जिला के माथे पर एक अविस्मरणीय मुकुट सजा दिया है, जिसे आनेवाले दिनों में याद किया जाता रहेगा।